हिंदू धर्म में हर दिन की शुरुआत पंचांग देखकर की जाती है, क्योंकि कोई भी शुभ कार्य तभी शुरू किया जाता है जब तिथि, वार, योग और नक्षत्र अनुकूल हों। आज हम बात कर रहे हैं सोमवार, 24 मार्च 2025 के पंचांग की। अगर आप कोई नया काम शुरू करना चाहते हैं, यात्रा पर निकलने वाले हैं या फिर किसी धार्मिक अनुष्ठान की योजना बना रहे हैं, तो यह पंचांग आपके लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
आज का पंचांग – 24 मार्च 2025, सोमवार
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वार: सोमवार
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तिथि: दशमी – पूरे दिन दशमी तिथि प्रभावी रहेगी
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माह/पक्ष: चैत्र मास – कृष्ण पक्ष
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विक्रम संवत: 2081
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शक संवत: 1946
चंद्र, नक्षत्र और योग की स्थिति
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चंद्र राशि:
सुबह 10:19 बजे तक चंद्रमा धनु राशि में रहेगा, इसके बाद मकर राशि में प्रवेश करेगा। राशि परिवर्तन का यह समय मानसिक ऊर्जा और कार्यक्षमता में बदलाव ला सकता है। धनु में चंद्रमा आशावाद और प्रेरणा देता है, जबकि मकर में यह व्यावहारिक और स्थिर बनाता है। -
चंद्र नक्षत्र:
आज उत्तराषाढ़ा नक्षत्र रहेगा। यह नक्षत्र सफलता, दृढ़ संकल्प और दीर्घकालीन लक्ष्य की ओर इंगित करता है। इस नक्षत्र में शुरू किए गए कार्य फलदायक होते हैं। -
योग:
दोपहर 4:43 बजे तक परिधि योग रहेगा, इसके बाद शिव योग शुरू होगा। शिव योग को शुभ और कल्याणकारी माना जाता है, जिसमें सभी कार्यों में सफलता की संभावना अधिक होती है।
आज के शुभ और अशुभ मुहूर्त
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अभिजीत मुहूर्त:
सुबह 11:45 से दोपहर 12:35 तक
(इस समय में कोई भी कार्य करना विशेष रूप से शुभ माना जाता है।) -
राहुकाल:
सुबह 7:56 से 9:23 तक
(इस समय कोई भी शुभ कार्य न करें, खासकर नए कार्य, लेन-देन या यात्रा।) -
दुष्टमुहूर्त:
आज कोई भी दुष्टमुहूर्त नहीं है – यानी दिन कुल मिलाकर शुभ है।
सूर्य और चंद्र से जुड़ी समय जानकारी
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सूर्योदय: सुबह 6:23 मिनट
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सूर्यास्त: शाम 6:28 मिनट
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चंद्रोदय और चंद्रास्त: पंचांग में विशिष्ट विवरण नहीं है, लेकिन चंद्र राशि परिवर्तन को ध्यान में रखते हुए चंद्रग्रहण या विशेष अनुष्ठानों की योजना बना सकते हैं।
भद्रा और पंचक की स्थिति
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भद्रा काल:
शाम 5:21 बजे से अगले दिन सुबह 5:05 बजे तक रहेगा।
(भद्रा काल में विशेष रूप से विवाह, नया व्यापार शुरू करना, गृह प्रवेश जैसे कार्य वर्जित माने जाते हैं।) -
पंचक:
आज पंचक नहीं है, यानी शुभ कार्य किए जा सकते हैं।
आज का दिशा शूल: पूर्व दिशा में यात्रा से परहेज करें
सोमवार को पूर्व दिशा में दिशाशूल रहता है। इस दिशा में यात्रा करना अशुभ माना जाता है, लेकिन यदि यात्रा अति आवश्यक हो तो दर्पण देखकर और चौघड़िया मुहूर्त में यात्रा प्रारंभ करना शुभ होगा।
आज का चौघड़िया मुहूर्त (दिन व रात्रि के लिए)
दिन के चौघड़िया
मुहूर्त | समय | स्वभाव |
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अमृत | सुबह 6:23 – 7:53 बजे तक | अति शुभ |
शुभ | सुबह 9:23 – 10:54 बजे तक | शुभ |
चर | दोपहर 1:56 – 3:27 बजे तक | सामान्य |
लाभ | दोपहर 3:27 – 4:57 बजे तक | लाभकारी |
अमृत | शाम 4:57 – 6:28 बजे तक | अति शुभ |
रात्रि के चौघड़िया
मुहूर्त | समय | स्वभाव |
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चर | शाम 6:28 – रात 7:57 बजे तक | सामान्य |
लाभ | रात 10:55 – 12:25 बजे तक | लाभकारी |
शुभ | रात 1:55 – 3:23 बजे तक | शुभ |
अमृत | रात 3:23 – अगली सुबह 4:52 बजे तक | अति शुभ |
चर | अगली सुबह 4:52 – 6:23 बजे तक | सामान्य |
आज कोई तीज-त्योहार नहीं है
हालांकि दिन शुभ योगों से भरपूर है, लेकिन पंचांग के अनुसार आज कोई विशेष पर्व या व्रत नहीं पड़ रहा है। फिर भी, शिव योग और उत्तराषाढ़ा नक्षत्र के कारण यह दिन पूजा-पाठ, उपासना और सकारात्मक कार्यों के लिए अत्यंत शुभ है।