जनसभा, पदयात्रा, रोड शो और सोशल मीडिया के अलावा, छह राजनीतिक दल अब दूरदर्शन और आकाशवाणी पर भी अपने चुनावी प्रचार के लिए जनता से रूबरू हो सकेंगे। इसके लिए उन्हें कोई शुल्क नहीं देना होगा। निर्वाचन आयोग ने दिल्ली में पंजीकृत छह दलों को इन दोनों प्लेटफॉर्म्स पर अपने चुनावी मुद्दों को प्रसारित करने के लिए तीन दिन तक प्रतिदिन 45-45 मिनट का समय आवंटित किया है। 31 जनवरी से 2 फरवरी तक इन दलों को एक बार में 15-15 मिनट के स्लॉट दिए जाएंगे, और दिनभर में उन्हें तीन स्लॉट मिलेंगे। प्राइम टाइम स्लॉट के लिए सभी दलों ने आवेदन किया था, इसलिए लकी ड्रॉ के माध्यम से यह टाइम स्लॉट निर्धारित किया गया है।
आवेदन करने वाले दल
भाजपा, आम आदमी पार्टी, कांग्रेस, सीपीआई (एम), बीएसपी और एनपीपी (नेशनल पीपल्स पार्टी) ने आवेदन किया है, लेकिन सभी दलों ने प्राइम टाइम का स्लॉट मांगा था। इसी कारण प्रसारण समय आवंटित करने के लिए बुधवार को ऑल इंडिया रेडियो के रंग भवन में लकी ड्रॉ आयोजित किया गया।
यह नियम सख्ती से पालन करने होंगे
- राजनीतिक दलों को प्रचार की स्क्रिप्ट अग्रिम रूप से जमा करनी होगी, और प्रसारण से पहले इसकी जांच होगी।
- दल पहले से कार्यक्रम रिकॉर्ड करा सकते हैं, लेकिन इस पर आने वाला खर्च उन्हें खुद उठाना होगा।
- कार्यक्रम में अन्य देशों की निंदा नहीं की जा सकती।
- धर्मों या समुदायों पर आपत्तिजनक टिप्पणियाँ नहीं की जा सकतीं।
- अश्लील या अपमानजनक सामग्री का प्रसारण नहीं किया जा सकता।
- हिंसा भड़काने वाले बयान जारी नहीं किए जा सकते।
- ऐसा कोई बयान नहीं दिया जा सकता जिससे न्यायालय की अवमानना हो।
- राजनीतिक दल राष्ट्रपति या न्यायपालिका की सत्यनिष्ठा की निंदा नहीं कर सकते।
- देश की एकता और अखंडता को प्रभावित करने वाले बयान नहीं दिए जा सकते।
- किसी व्यक्ति का नाम लेकर आलोचना नहीं की जा सकती।
इन निर्देशों का पालन करना अनिवार्य
चुनाव आयोग के इन निर्देशों का पालन सभी राजनीतिक दलों के लिए अनिवार्य होगा। इसके बाद ही उनके कार्यक्रमों का प्रसारण संभव होगा।