Ashok Gehlot Birthday: पूर्व CM गहलोत ने समर्थकों से क्यों की ये भावुक अपील? जानिए बड़ी वजह
News India Live, Digital Desk: राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अशोक गहलोत का आगामी 3 मई को जन्मदिन है। हर साल इस मौके पर जयपुर में उनके आवास पर समर्थकों और कार्यकर्ताओं का भारी हुजूम उमड़ता है, लेकिन इस बार 'जननायक' ने एक अनोखी और भावुक अपील जारी की है। गहलोत ने अपने चाहने वालों से साफ शब्दों में कहा है कि वे उनके जन्मदिन की बधाई देने के लिए जयपुर न आएं। सोशल मीडिया के जरिए जारी इस संदेश ने राजनीतिक गलियारों में चर्चा छेड़ दी है कि आखिर 'जादूगर' ने ऐसा फैसला क्यों लिया।
'जयपुर आने के बजाय अपने क्षेत्र में करें सेवा कार्य' अशोक गहलोत ने अपने संदेश में कहा कि कार्यकर्ताओं का प्रेम और स्नेह ही उनकी असली पूंजी है, लेकिन वर्तमान परिस्थितियों और भीषण गर्मी को देखते हुए वह नहीं चाहते कि किसी को भी असुविधा हो। उन्होंने समर्थकों से आग्रह किया कि वे जयपुर आने पर समय और संसाधन खर्च करने के बजाय अपने-अपने क्षेत्रों में रहकर जनसेवा के कार्य करें। गहलोत ने सुझाव दिया कि कार्यकर्ता इस दिन गरीब बस्तियों में फल वितरण, वृक्षारोपण या गौशालाओं में चारे की व्यवस्था जैसे नेक काम करें, यही उनके लिए सबसे बड़ा जन्मदिन का तोहफा होगा।
क्या स्वास्थ्य या राजनीति है वजह? हालांकि गहलोत ने अपनी अपील में व्यक्तिगत कारणों और जनसेवा का हवाला दिया है, लेकिन राजनीतिक हलकों में इसके अन्य मायने भी निकाले जा रहे हैं।
भीषण गर्मी और हीटवेव: राजस्थान के कई जिलों में पारा 45 डिग्री के पार जा चुका है। भारी भीड़ के जुटने से स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हो सकती हैं।
सादगी का संदेश: पिछले कुछ समय से गहलोत अपनी छवि एक सादगी पसंद और जमीनी नेता के रूप में और मजबूत कर रहे हैं। तड़क-भड़क वाले आयोजनों से बचकर वह कार्यकर्ताओं को 'जनसेवा' का संदेश देना चाहते हैं।
चुनावी व्यस्तता: राज्य में आगामी सांगठनिक बदलावों और अन्य व्यस्तताओं के कारण भी शायद वह औपचारिक समारोहों से दूरी बनाना चाह रहे हैं।
सोशल मीडिया पर दी जा सकती है बधाई पूर्व मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि जो लोग उन्हें व्यक्तिगत रूप से बधाई देना चाहते हैं, वे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म (X, फेसबुक, इंस्टाग्राम) के जरिए अपना संदेश भेज सकते हैं। वह कोशिश करेंगे कि अधिक से अधिक लोगों के संदेशों का जवाब दे सकें। उनके इस फैसले की सोशल मीडिया पर काफी तारीफ भी हो रही है, जहां लोग इसे एक 'जिम्मेदार नेता' का कदम बता रहे हैं।
कार्यकर्ताओं में फिर भी भारी उत्साह भले ही गहलोत ने जयपुर आने से मना किया हो, लेकिन पूरे राजस्थान में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जिला स्तर पर रक्तदान शिविर और भंडारों के आयोजन की तैयारी शुरू कर दी है। जयपुर के सिविल लाइंस स्थित उनके आवास पर सुरक्षा व्यवस्था फिर भी चौकस रखी जाएगी, क्योंकि कई वरिष्ठ नेताओं के वहां पहुंचने की संभावना बनी हुई है।