रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने शुक्रवार को चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) को 50 रनों से हराकर लगातार दूसरी जीत दर्ज की। बेंगलुरु की चेपॉक स्टेडियम में यह जीत 17 साल बाद आई, इससे पहले उन्होंने 2008 में चेन्नई को उसके घर में हराया था।
हालांकि इस मुकाबले के बाद महेंद्र सिंह धोनी (MS Dhoni) की बैटिंग पोजिशन को लेकर जमकर बहस छिड़ गई। पूर्व क्रिकेटर्स का मानना है कि धोनी जैसे अनुभवी बल्लेबाज को ऊपर बल्लेबाजी करने आना चाहिए था, लेकिन CSK प्रबंधन ने उन्हें नौवें नंबर पर भेजा।
मनोज तिवारी का बड़ा बयान: “CSK में धोनी को ऊपर भेजने की हिम्मत नहीं”
भारत के पूर्व क्रिकेटर मनोज तिवारी ने क्रिकबज से बातचीत में कहा कि चेन्नई सुपर किंग्स का कोचिंग स्टाफ धोनी को ऊपर भेजने का साहस नहीं जुटा सका।
“यह मेरी समझ से परे है कि एमएस धोनी जैसा बल्लेबाज, जो सिर्फ 16 गेंदों में 30 रन बनाकर नाबाद रह सकता है, उसे ऊपर क्यों नहीं भेजा गया? क्या टीम जीतने के लिए खेल रही थी?”
उन्होंने आगे कहा, “CSK कोचिंग स्टाफ में इतनी हिम्मत नहीं है कि वे धोनी से कह सकें कि उन्हें ऊपर आकर बल्लेबाजी करनी चाहिए। एक बार जब धोनी ने फैसला कर लिया, तो वही फाइनल होता है।”
धोनी ने तोड़ा सुरेश रैना का रिकॉर्ड
हालांकि, धोनी ने इस मैच में एक और रिकॉर्ड अपने नाम किया।
उन्होंने आईपीएल में चेन्नई सुपर किंग्स के लिए सर्वाधिक रन बनाने का रिकॉर्ड तोड़ते हुए सुरेश रैना को पीछे छोड़ दिया। धोनी ने 16 गेंदों में नाबाद 30 रन बनाए, लेकिन तब तक CSK की जीत की उम्मीदें लगभग खत्म हो चुकी थीं।
कोच फ्लेमिंग की सफाई
CSK के कोच स्टीफन फ्लेमिंग ने धोनी की बैटिंग पोजिशन को लेकर सफाई दी और कहा,
“धोनी पिछले एक महीने से अभ्यास कर रहे हैं और फिटनेस पर कड़ी मेहनत की है। लेकिन जब वह बल्लेबाजी करने आए, तब जीत हासिल करना बेहद मुश्किल हो गया था।”