Uttarkhand Chunav: दिलचस्प हुई कालाढूंगी की लड़ाई, कैबिनेट मंत्री बंशीधर भगत को बेटे ने ही दे दी चुनौती!

हल्द्वानी. विधानसभा चुनाव (Uttarakhand Assembly Election 2022) में पार्टी का सही प्रत्याशी तय करने के लिए बीजेपी (BJP) के पर्यवेक्षक जगह-जगह जाकर इन दिनों रायशुमारी कर रहे हैं. इस दौरान दावेदार अपना दावा भी पर्यवेक्षकों के सामने रख रहे हैं. इसी बीच नैनीताल जिले की कालाढूंगी विधानसभा (Kaladhoongi Assembly Seat) से बेहद मजेदार दावेदारी सामने आई है. कालाढूंगी से विधायक और कैबिनेट मंत्री बंशीधर भगत (Bansidhar Bhagat) की सीट से उन्हीं के बेटे विकास भगत ने दावेदारी कर दी है.

विकास की दावेदारी तब है, जब उनके मंत्री पिता खुद आगामी चुनाव में इसी सीट से दावेदार हैं. ऐसे में पिता और पुत्र दोनों ही 2022 विधानसभा चुनाव के लिए दावेदार के तौर पर आमने-सामने हैं. विकास अपनी दावेदारी पर गोलमोल जवाब देते हैं, लेकिन वहीं दूसरी तरफ अपने किए हुए काम भी गिना रहे हैं.

वहीं पर्यवेक्षक बनकर पहुंचे राज्यसभा सांसद नरेश बंसल के मुताबिक विकास ने अपनी दावेदारी को कन्फर्म किया है. ऐसे में पार्टी पिता और पुत्र में से किसी एक को 2022 के लिए उम्मीदवार बनाती है या किसी अन्य दावेदार पर दांव खेलती है यह आने वाला वक्त बताएगा.

 

हालांकि पिता और पुत्र की इस दावेदारी से कालाढूंगी सीट चर्चा में है. वहीं कैबिनेट मंत्री भगत बेटे की दावेदारी का समर्थन करते दिखते हैं. भगत के मुताबिक बीजेपी का कोई भी कार्यकर्ता जो जनता के बीच काम करता हो वह अपना दावा कर सकता है. भगत के मुताबिक विकास ने पिछले दिनों अपने कामों के जरिए जनता के बीच में जगह बनाई है. भगत दो टूक कहते हैं कि दावेदारी करने में कुछ नहीं जाता लेकिन जिसे भी टिकट मिलेगा पार्टी के कार्यकर्ताओं से ही चुनाव लड़ेंगे यह उम्मीद की जाती है.

इन लोगों की राय ले रहे हैं पर्यवेक्षक
पर्यवेक्षक पार्टी के प्रदेश, जिला और मंडल पदाधिकारियों के साथ ही शक्ति केंद्र संयोजक, ब्लॉक प्रमुख, जिला पंचायत के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के साथ ही पूर्व प्रदेश पदाधिकारियों की भी राय जान रहे हैं. बीजेपी ने इस बार प्रत्याशी चयन के लिए एक अनोखा तरीका अपनाया है. पार्टी पदाधिकारी गुप्त मतदान के जरिए अपनी पसंद के तीन प्रत्याशियों का नाम पार्टी आलाकमान को भेज सकते हैं.

 

इन नेताओं ने भी की कालाढूंगी से दावेदारी
कालाढूंगी से दावेदारी करने वालों में न सिर्फ कैबिनेट मंत्री बंशीधर भगत और उनके बेटे विकास भगत का नाम शामिल है, बल्कि कई और वरिष्ठ नेताओं ने भी दावेदारी की है. इन नामों में हरियाणा बीजेपी के पूर्व संगठन मंत्री और वर्तमान में उत्तराखंड बीजेपी के प्रदेश महामंत्री सुरेश भट्ट, बीजेपी के पूर्व प्रदेश महामंत्री और दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री गजराज बिष्ट, प्रदेश मंत्री राजेंद्र सिंह बिष्ट, वरिष्ठ नेता सुरेश तिवारी, तारा पांडे, मनोज पाठक और जिला पंचायत उपाध्यक्ष आनंद दरमवाल ने भी अपनी दावेदारी पेश की है.

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