Punjab Farmer Policy : किसानों के लिए अकाली दल का एक्शन मोड, सोमवार को पूरे पंजाब में होगा बड़ा प्रदर्शन

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News India Live, Digital Desk : Punjab Farmer Policy : पंजाब के बाढ़ प्रभावित किसान, जो पहले से ही कुदरत की मार झेल रहे हैं, अब सरकारी अनदेखी से और भी परेशान हैं। उनकी बर्बाद हो चुकी धान की फसल का वादा किया गया मुआवजा अभी तक नहीं मिला है, और जो थोड़ी-बहुत फसल बची है, उसे सरकार खरीदने को तैयार नहीं है। किसानों की इसी आवाज को बुलंद करने के लिए अब शिरोमणि अकाली दल (अमृतसर) ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।

पार्टी ने ऐलान किया है कि आने वाले सोमवार को वह पूरे पंजाब में एक बड़ा विरोध प्रदर्शन करेगी। इस दिन पार्टी के कार्यकर्ता हर जिले के डिप्टी कमिश्नर (DC) दफ्तर जाकर किसानों की मांगों को लेकर एक ज्ञापन (Memorandum) सौंपेंगे।

किसानों पर दोहरी मार: न मुआवजा मिला, न धान बिका

किसानों का दर्द दोहरा है। एक तरफ जहां बाढ़ ने उनकी मेहनत पर पानी फेर दिया, वहीं दूसरी तरफ सरकारी वादे भी खोखले साबित हो रहे हैं।

  1. 'बदरंग' धान कौन खरीदे? बाढ़ की वजह से जो धान की फसल बच गई है, पानी लगने से उसका रंग खराब हो गया है। अब सरकारी खरीद एजेंसियां इस 'बदरंग धान' (Discolored Paddy) को खरीदने से साफ इनकार कर रही हैं। ऐसे में किसान पूरी तरह से फंस गया है—एक तो फसल बर्बाद हुई, और जो बची, उसका कोई खरीदार नहीं है।

सरकार को जगाने के लिए अकाली दल का 'एक्शन प्लान'

किसानों की इन्हीं समस्याओं को लेकर अकाली दल (अमृतसर) अब सीधे तौर पर सरकार को घेरने की तैयारी में है। पार्टी नेता सुरजीत सिंह सोढ़ी के मुताबिक, सोमवार को होने वाले प्रदर्शन की रूपरेखा इस तरह है:

  • वहां से वे सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मार्च निकालेंगे और डीसी को मांग पत्र सौंपेंगे।
  • इस ज्ञापन में दो मुख्य मांगें होंगी:
    • बदरंग हुए धान की सरकारी खरीद सुनिश्चित की जाए।

पार्टी का कहना है कि यह प्रदर्शन "सो रही सरकार को जगाने" और किसानों को उनका हक दिलाने के लिए है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि इस दबाव के बाद क्या पंजाब सरकार किसानों की सुध लेती है या नहीं।