कोरबा : पहले रातों-रात गिराए 5 बिजली के खंभे और टावर, फिर कीमती तांबे के तार चुरा ले गए शातिर चोर; पुलिस ने दो को दबोचा
छत्तीसगढ़ के औद्योगिक जिले कोरबा से अपराध और दुस्साहस का एक ऐसा हैरान करने वाला मामला सामने आया है जिसे सुनकर हर कोई दंग रह गया है। यहां बिजली विभाग और स्थानीय प्रशासन की आंखों में धूल झोंकते हुए शातिर चोरों के एक गिरोह ने नियमों और कानूनों की धज्जियां उड़ाते हुए एक साथ पांच बिजली के खंभों को तोड़ डाला और इतना ही नहीं, इलाके का एक पूरा हाई-वोल्टेज बिजली टावर भी जमीन पर गिरा दिया। इस दुस्साहसिक घटना को अंजाम देने के बाद चोरों ने टावर और खंभों से लाखों रुपये कीमत के तांबे और अल्युमिनियम के बिजली के तार काटकर अपने साथ पार कर लिए, जिससे पूरे इलाके में विद्युत आपूर्ति पूरी तरह ठप हो गई और स्थानीय निवासियों को भारी अंधेरे तथा परेशानियों का सामना करना पड़ा। इस सनसनीखेज वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस और बिजली विभाग के अधिकारियों में हड़कंप मच गया, जिसके बाद फौरन स्पेशल टीमों का गठन कर चोरों की धरपकड़ के लिए एक बड़ा अभियान चलाया गया और आखिरकार पुलिस ने इस गिरोह के दो मुख्य शातिर चोरों को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल कर ली है।
कोरबा पुलिस की त्वरित कार्रवाई, गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश तेज
इस हाई-प्रोफाइल चोरी के खुलासे के बाद कोरबा पुलिस प्रशासन ने अपनी कार्यशैली का परिचय देते हुए मुखबिर तंत्र और तकनीकी सर्विलांस की मदद से इस शातिर चोरी की गुत्थी को महज कुछ ही घंटों के भीतर सुलझा लिया। पकड़े गए दोनों आरोपियों से जब कड़ाई से पूछताछ की गई तो उन्होंने जो खुलासे किए, उसने पुलिस अधिकारियों के भी होश उड़ा दिए कि कैसे चोरों ने सुनसान इलाके का फायदा उठाकर इस पूरी घटना को रातों-रात अंजाम दिया था। आरोपियों के कब्जे से चोरी किए गए बिजली के तारों का बड़ा हिस्सा, काटने वाले भारी औजार और इस वारदात में इस्तेमाल किए गए अन्य साधन भी बरामद कर लिए गए हैं। स्थानीय पुलिस का कहना है कि यह गिरोह काफी समय से इस तरह की बड़ी वारदातों को अंजाम देने की फिराक में था और कबाड़ियों के एक बड़े सिंडिकेट के साथ मिलकर इन चोरी किए गए महंगे तारों को ठिकाने लगाने की योजना बना रहा था, फिलहाल पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े बाकी फरार आरोपियों की तलाश में ताबड़तोड़ छापेमारी कर रही है।
ग्रामीण और औद्योगिक क्षेत्रों में बढ़ती चोरी की वारदातों पर सुरक्षा और सतर्कता के कड़े इंतजाम
इस चौंकाने वाली घटना के सामने आने के बाद कोरबा जिले के ग्रामीण और औद्योगिक इलाकों में बिजली के खंभों, ट्रांसफार्मर और टावरों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों का कहना है कि इस तरह से टावरों और बिजली लाइनों को निशाना बनाए जाने से न केवल सरकारी संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचता है, बल्कि उद्योगों और आम नागरिकों की बिजली व्यवस्था भी हफ्तों तक प्रभावित हो जाती है, जिससे विकास कार्यों को बड़ा झटका लगता है। इस घटना के बाद विद्युत विभाग और स्थानीय प्रशासन ने मिलकर सभी संवेदनशील और सुनसान क्षेत्रों में गश्त बढ़ाने तथा रात के समय विशेष निगरानी रखने के निर्देश जारी कर दिए हैं ताकि भविष्य में इस प्रकार के दुस्साहस को दोबारा रोका जा सके। बहरहाल, पुलिस की इस मुस्तैदी से जहां एक तरफ चोर सलाखों के पीछे पहुंच गए हैं, वहीं इस कार्रवाई से अपराधियों के बीच भी एक कड़ा संदेश गया है कि कानून से बचकर निकलना अब आसान नहीं होगा।