डाइट प्लान्स आहार योजनाए क्या कब ओर कितना खाये

 

 

 

हम जो खाते है, वही बन जाते है! यह पुराणी कहावत आज के समय मे पहले से कहि अधिक मायने राखती है! आज के दोर मे उच्च कोलेस्ट्रोल, मोटापा, केसर , उच्च रक्तचाप, डायबीटीज, डिप्रेशन, आदी जैशी जीवनशैली पर आधारित बिमारीयो से बचने के लिये साबूत अनाज से समृद्ध, तेल मुक्त, पोधो पर आधारित आहार अत्यंत आवश्यक हो रहे है!

आगे आणे वाले पुष्टो मे विभिन्न आयु समूहो, लिग, वजन प्रबधक के लिये, वजन घटाने, वजन बढाने ओर स्वाथ विकारो के लिये 11 अलग-अलग आहार योजनाए (डाइट प्लान्स) दी गई है!

 

 

 

ये आहार योजनाए वेजिटेरीयन डाइट पर आधारित है! शाकाहारी भोजन प्रकुर्ती से क्षारीय है! मांसाहारी भोजन प्रकुर्ती से अम्लीय है! एक अम्लीय शरीर बिमारीया पैदा करणे वाले कई रोगाणुओ का घर होता है क्युकी एसिड उन रोगाणुओ के बढने के लिये अनुकूल वातावरण प्रदान करता है! एक क्षारिय शरीर एक रोग मुक्त शरीर है क्युकी यह बिमारी पैदा करणे वाले किसी भी रोगाणु को बढने नही देता है! ज्यादातर फलो-सब्जिओ ओर अन्य पोधो पर आधारित खाद्य पदाथो का सेवन करणे पर आपके शरीर पर क्षारीय प्रभाव पडता है! आप किसी भी आहार योजना का पालन करे, यह अनुशसित है कि आप निमिलीखीत बातो को ध्यान मे रखे:

 

1.

हर दिन 5 मिली से ज्यादा घी ओंर 15 मिली से ज्यादा तेल का सेवन करे! इस मात्रा को पुरे दिन मे बाटा जाणा है! कृपया चपातीयो ओर सब्जिओ मे प्रयोग किये गये घी/तेल (दुश्यमान तेल) ओर मुगफली ओर नारीयल जैसी सामग्री मे प्रकृतीक रूप से मोजूद तेल (अदुश्य तेल) कि भी गणना इसमे करे जिसे आप खाना पकाने के लिए उपयोग करते है!

2.

यदि आप अपना वजन कायम रखना चाहते है, तो कृपया शुनिश्चित करे कि आपके द्यावारा ली जाने वाली दैनिक कैलोरी कि मात्रा आपके दाव्यारा प्रतिदिन जलाये जाने वाली कैलोरी कि सख्या के बराबर हो!

3.

यदी आप अपना वजन या शरीर का फ़ैट कम करणा चाहते है, तो कृपया सुनीश्चित करे कि आप रोजाना खाई जाने वाली कैलोरी से अधिक कैलोरी जलाए! कैलोरी कि कमी (कैलोरी डेफीसीट) वजन कम करणे कि कुंजी है!

4.

हम न्युनतम 10 घंटे ओर आदर्श रूप से 12 घंटे के लिए रोजाना फास्टीग कि सलाह देते है! अंतकालीन उपवास (इंटरमिटेट फास्टिंग) शरीर को ठीक होणे ओर डीटोक्स करणे मे सक्षम बनाता है (शरीर से विषाक्त पदार्थो को बाहर निकालता है)! यह रोग पैदा करणे वाले किटाणूओ को मारता है! नियमित ओर निर्बाथ रूप से इंटरमिटेट फास्टिंग (अंतकालीन उपवास) करणे से शरीर का फ़ैट ओर वजन कम होता है ओर रक्त शकरा के स्तर मे कमी आती है! एसुलीन कि संवेदनशीलता मे भी वृद्धी होती है! इंटरमिटेट फास्टिंग एक रोग मुक्त शरीर का प्रवेश व्द्यार है!

5.

पीवीएमफ यानि  प्रोटीन, विटामिन्स ,मिनरल्स  और फाइबर का सेवन हमारे   शरीर  को क्षारीय बनाने मे मदद करता हे! सोया प्रोटीन हमारे शरीर मे अडीस को निष्क्रिय (न्यूट्रलाज) करणे मे मदद करता है इसके अलावा एटीआक्सिडेटस ओर ओमेगा- 3 भी हमारे शरीर को क्षारीय (एल्कलाइन) राखणे मे मदद करते है!

6.

सर्वोत्तम स्वास्थ का मतलब है 70% पोषण (भोजन) ओर 30% व्यायम! इसलिये सभी को हर दिन 6000 कदम चालणे ओर 250 सीडीया चढणे कि सलाह दी जाती है! इसे दिनभर मे पुरा किया जा सकता आहे! आप दिन भर मे अपनि प्रगती का लेखा-जोखा राखणे के लिये अपने मोबाईल पर एक अप्प डाउनलोड कर सकते है!

आपके भोजन मे शामिल होना चाहिये

 

1.

साबूत खाद्य पदार्थ : फल, सब्जिया, साबूत अनाज, बीज, आदी! अपने आहार मे अंकुरित अनाज शामिल करे! जहा तक संभव हो, फलो ओर सब्जीयो को न छिले!

2.

पौधो पर आधारित खाद्य पदार्थ: जितना हो सके, पौधो से मिलने वाले खाद्य पदार्थ खाये! जानवरो से मिलने वाले खाद्य से बचे!

3.

नमक: सफेद नमक के बजाय सेधा नमक का उपयोग करे!

4.

पेय पदार्थ: चाय, कॉफी, शराब, शीतल पेय ओर अन्य अस्वास्थ्यकर पेयो से पुरी तरह बचे!

5.

शक्कर: कृपया रॉ शुगर या जेगरी (गुढ) का प्रयोग करे ओर रिफाईड शुगर (सफेद शक्कर) के उपयोग से बचे!

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