जयपुर :  स्वायत्त शासन मंत्री शांति धारीवाल ने सोमवार को कोटा के प्रमुख चौराहों के सौन्दर्यकरण एवं अंडरपास के प्रगतिरत कार्योे का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि ये चौराहे आने वाले दिनों में पर्यटक पहचान के साथ दुर्घटना मुक्त शहर की पहचान बनेगें, सभी कार्यों को गुणवत्ता एवं समयबद्धता से पूरा किया जावे।

धारीवाल ने कोटा के अंटाघर अंडरपास से निरीक्षण की शुरुआत करते हुए नव विकसित ग्लोब सर्किल में विश्व के सभी देशों को अलग-अलग रंगों से प्रदर्शित करने, फव्वारा से ग्लोब पर पानी की नियमित बौछार गिराने तथा प्लांटेशन के पास 3-3 फीट रैलिंग लगाने के निर्देश दिये।

उन्होंने अन्डर पास से आने वाले यातायात के सुगम निकास एवं दुर्घटना मुक्त के लिए डिवाइडर को सर्किल तक बढ़ाने के निर्देश दिये। उन्होंने सर्किल के कार्य में देरी करने पर संवेदक के खिलाफ जुर्माना लगाने तथा फरवरी माह तक कार्य पूरा करने के निर्देश दिये। उन्होंने अंडरपास एवं जेडीबी कॉलेज के सामने बनाये गये प्लांटेशन स्थलों पर तेजी से कार्य पूरा करवाने के निर्देश भी प्रदान किये।

उन्होंने कोटडी चौराहे पर बनाए जा रहे हैं ग्रेट सेपरेटर की नई डिजाइन के बारे में अधिकारियों से चर्चा कर चारों और से आने वाले यातायात की निकासी के बारे में किए गए प्रावधानों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि नई डिजाइन से आवागमन भी सुगम होगा तथा स्थानीय नागरिकों को भी किसी प्रकार की परेशानी नहीं रहेगी। उन्होंने यूआईटी के अधिकारियों को टेंडर प्रक्रिया शीघ्र पूरी करने के निर्देश दिए।

उन्होंने एरोड्रम अंडरपास का निरीक्षण कर सौंदर्यकरण के कार्य को बारीकी से देखा और समय पर गुणवत्ता के साथ कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि 10 फरवरी तक अंडरपास की दीवारों पर सौंदर्यकरण कार्य तथा एक मिनार के कार्य को पूरा किया जाएं तथा मुख्य सर्किल पर बनने वाली शेष मिनार के कार्य को गति प्रदान करने के लिए श्रमिकों की संख्या बढ़ायें।

स्वायत्त शासन मंत्री ने घोड़े वाले बाबा सर्किल के कार्य का निरीक्षण करते हुए कहा कि 28 फरवरी तक निर्माण कार्य पूरा कर सौंदर्यकरण के साथ लाइटिंग का कार्य भी गति के साथ करें। उन्होंने सर्किल पर लगने वाले घोड़े एवं शेर की प्रतिमाओं की स्थापना के कार्य को भी पूर्ण गुणवत्ता के साथ करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सर्किल पर ऊपर से फव्वारों से गिरने वाला पानी में महराब की कारीगरी भी दिखाई दें।

स्वायत्त शासन मंत्री ने कलादीर्घा के सामने ग्रामीण हाट के स्थान पर विकसित की जा रही बहुदेशीय नागरिक सुविधाओं का निरीक्षण कर परिसर में बनाये जा रहे पुस्तकालय में प्रवेश के लिए एक द्वार रखने के निर्देश देते हुए कहा कि शेष गेटों पर ग्लास लगाये जाये जिससे पुस्तकों पर धूल-मिट्टी नहीं जम सके। उन्होंने जून तक पुस्तकालय के कार्य को पूरा करने, बावड़ी के सौंदर्यकरण एवं छतरियों के निर्माण को गुणवत्ता के साथ कराते हुए बावड़ी से पानी निकासी एवं भराव के लिए पाईप लाईन का प्रावधान भी करने निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि 30 अप्रेल तक काम पूरा नहीं करने पर प्रतिदिन के हिसाब से जुर्माना लगाया जायेगा।

उन्होंने समीप बन रहे बस स्टॉप में अलग-अलग टिकट विंडो के साथ यात्रियों को बैठने के लिए चार-चार सीटर बेंच लगाने एवं यात्री सुविधाओं को गुणवत्ता के साथ पूरा कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बस स्टॉप से पुस्तकालय एवं कलादीर्घा की तरफ आवागमन नहीं हो इसके लिए बीच में दीवार बनाकर रेलिंग लगाई जाएं जिससे दोनों कैम्पस अलग-अलग दिखाई दें। उन्होंने बस स्टॉप के कार्य को एक माह में पूरा करने के निर्देश दिए।

कोलेज का कायाकल्प देखकर हुए गदगद-

स्वायत्त शासन मंत्री राजकीय महाविद्यालय भवन के कायाकल्प को देखकर गदगद नजर आए उन्होंने कहा कि 100 साल से भी पुरानी यह इमारत आज भी बेहतरीन नजर आ रही है। उन्होंने कहा कि इस कॉलेज में अध्ययन के साथ छात्रसंघ अध्यक्ष भी रहा हूँ मन में इस भवन के कायाकल्प की इच्छा थी। आज प्रसन्नता व गर्व की अनुभूति  हो रही है यह भवन आकर्षक बना है। उन्होंने भवन के रखरखाव व सफाई के लिए कॉलेज प्रशासन को सफाईकर्मी रखने व चौकीदार नियुक्त करने के निर्देश दिए। इस दौरान संभागीय आयुक्त दीपक नंदी, जिला कलक्टर हरिमोहन मीना, यूआईटी के पूर्व अध्यक्ष रविन्द्र त्यागी, नगर विकास न्यास के विशेष अधिकारी आरडी मीना, नगर विकास न्यास सचिव राजेश जोशी सहित अभियंता मौजूद रहे।