Home / Home / जिस ASI के डर से कांपते थे अपराधी, उसके रिटायरमेंट पर सबकी आंखें भर आईं

जिस ASI के डर से कांपते थे अपराधी, उसके रिटायरमेंट पर सबकी आंखें भर आईं

बैतूल: एएसआई रैंक का स्निफर श्वान ‘जॉन’ 9 साल 10 माह की सेवा देने के बाद सोमवार को रिटायर्ड हो गया। अपनी रूटिन ड्यूटी करने के साथ ही ‘जॉन’ ने कॉमनवेल्थ गेम्स समेत कई महत्वपूर्ण व बड़े अवसरों पर भी निष्ठा के साथ अपने कर्तव्यों को निष्ठा के साथ निभाया। इतना ही नहीं शांति-व्यवस्था बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया।

‘जॉन’ के सेवानिवृत्त होने पर आरपीएफ स्टाफ और रेलवे अफसरों ने नम आंखों से उसे विदाई दी। आरपीएफ का स्निफर डॉग ‘जॉन” को साल 2009 में पदस्थ किया था। जॉन 9 साल 10 महीने की सेवा देने के बाद सोमवार को सेवानिवृत्त हुआ। ‘जॉन” को बिदाई देने के लिए बाकायदा समारोह हुआ। यहां जॉन को लाने पर फूलों की माला पहनाकर उसका स्वागत किया।

PunjabKesari

आरपीएफ ने बांधे तारीफ के पुल
आरपीएफ स्टाफ जॉन की तारीफ करते हुए कहा कि अपराधी इनसे थर्राते थे। जॉन ने बैतूल में सेवा देने के साथ-साथ बैतूल के बाहर भी कई स्थानों पर बड़े आयोजनों में सेवा दी है। बेहतर ड्यूटी निभाने पर आरपीएफ के आईजी की तरफ से इसे सम्मान भी दिया। रेलवे के उच्च अधिकारियों ने भी डॉग की सराहना की है। विदाई के मौके पर आरपीएफ के अधिकारियों सहित अन्य लोगों ने उसे कई गिफ्ट भी दिए। इसके बाद नागपुर का एनजीओ ‘जॉन’ को अपने साथ ले जाएगा। कुछ समय पहले एक अन्य डॉग टाइगर को भी यही एनजीओ ले गया था।

इधर जॉन के रिटायर होने के बाद आरपीएफ डॉगविहीन हो गया है। कुछ माह पहले टाइगर रिटायर हुआ था। अभी एक छोटा डॉग ट्रेनिंग पर गया हुआ है। अब उसकी ट्रेनिंग पूरी होकर वह जब तक बैतूल थाना को नहीं मिल जाता, तब तक आरपीएफ को बिना डॉग के ही काम चलाना पड़ेगा। ऐसे में अब स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर स्टेशन और ट्रेनों पर होने वाली चेकिंग सिटी पुलिस के डॉग की मदद से की जाएगी।

PunjabKesari

डॉग के हैंडलर का जागा स्नेह
डॉग के हैंडलर एएसआई पूरनसिंह सल्लाम ने बताया कि डॉग को नागपुर एनजीओ के हवाले किया जाएगा। मैं अधिकारियों से निवेदन करूंगा कि डॉग को मेरे सुपुर्द किया जाए, ताकि रिटायर्ड होने के बाद इसकी मैं पूरे जीवन काल तक सेवा कर सकूं। कई वर्षों से डॉग जॉन मेरे साथ रहा है। दुख इस बात का है कि वह रिटायर हो रहा है।

हर जगह मिली जॉन को सराहना
आरपीएफ के अनुसार जॉन की वर्ष 2010 में कॉमनवेल्थ गेम्स में ड्यूटी लगी थी। इस दौरान नईदिल्ली में जॉन को 40 दिनों तक ट्रेनों में चेकिंग अभियान चलाया गया। उच्च अधिकारियों ने भी जॉन की सराहना की। वर्ष 2012 में परासिया में जॉन तैनात रहा। उस समय भी जॉन की कोई शिकायत नहीं मिली।

PunjabKesari

आईजी ने रिवार्ड देकर उसकी सराहना की। वर्ष 2013 में इलाहबाद कुंभ मेले में डॉग की ड्यूटी लगाई गई थी। जॉन ने पूरे समय कुंभ मेले में रेलवे स्टेशन पर चैकिंग की जिम्मेदारी संभाली। वर्ष 2014 में नागपुर में स्पेशल ट्रेनों की चैकिंग के दौरान ड्यूटी लगाई गई थी। वर्ष 2015 में बैतूल स्टेशन पर चैकिंग के दौरान डॉग की मदद से 14 नग गांजे के पैकेट ट्रेन से बरामद किए गए।

मुंबई जीएम और आईजी ने डॉग को प्रमाण पत्र देकर उसकी सराहना की। वर्ष 2015 में रेल मंत्री के कार्यक्रम में जॉन की ड्यूटी लगाई गई थी। वर्ष 2016 में 26 जनवरी के समय नागपुर परेड ग्राउंड में सुरक्षा की जिम्मेदारी जॉन को दी गई। वर्ष 2017 में ट्रेनों में चेकिंग के दौरान 17 किलो गांजा जॉन की सहायता से जब्त किया था।

Loading...

Check Also

RISAT-2BR1 बनेगा अंतरिक्ष में भारत की दूसरी खुफिया आंख: ISRO

श्रीहरिकोटा : भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) बुधवार को दोपहर 3.25 पर रीसैट-2बीआर1 सैटेलाइट छोड़ेगा। ...

नागरिकता संशोधन विधेयक राज्यसभा में होगा पेश, नो टेंशन मोड में BJP, कांग्रेस करेगी विरोध प्रदर्शन

नई दिल्ली. लोकसभा से नागरिकता संशोधन बिल पास होने के बाद अब राज्यसभा पहुंचा है। जिसे ...

जिसे मोदी ने खुद अपने हाथों से पहनाया था, वो चप्पल टूटने से दु:खी हुई आदिवासी बुजुर्ग महिला

बीजापुर, छग. प्यार और सम्मान से मिली कोई भी चीज छोटी नहीं होती। कीमत से ...

हैदराबाद गैंगरेप मामले की सुप्रीम सुनवाई, मौजूद रहेंगे एनकाउंटर मैन CP वीसी सज्जनार

नई दिल्ली. हैदराबाद एनकाउंटर केस को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की गई थी। जिसके ...