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असिस्टें प्रोफेसर समेत चार के खाते से साइबर ठगी

लखनऊ। एटीएम कार्ड क्लोन करने वाले गिरोह ने असिस्टें प्रोफेसर समेत चार लोगों के खाते से करीब चार लाख लाख रुपये निकाल लिये। ट्रांजेक्शन मैसेज आने पर पीड़ितों को धोखाधड़ी का पता चला। जिसकी शिकायत साइबर सेल में करने के साथ ही एफआईआर दर्ज कराई गई है। डा. विवेक कुमार मिश्र मुरादाबाद स्थित आईएफटीएम विवि में असिस्टेंट प्रोफेसर हैं। उनका एसबीआई में सेविंग अकाउंट है। विवेक के मुताबिक ठगों ने सोमवार से मंगलवार के बीच करीब 25 बार कार्ड का इस्तेमाल कर तीन लाख रुपये पार कर दिये। उन्होंने बताया कि कार्ड का इस्तेमाल ई-वॉलेट पेटीएम पर किया गया है। इंस्पेक्टर वजीरगंज अजय कुमार सिंह ने बताया कि पेटीएम कम्युनिकेशन के खिलाफ धोखाधड़ी व आईटी एक्ट का मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है। वहीं, विशालखण्ड-तीन निवासी कृष्ण कुमार सिंह के कार्ड का क्लोन बना कर उनके खाते से 36 हजार रुपये निकाल लिये। इसी तरह कैंट निलमथा निवासी दिनेश चन्द्र शक्टा के अकाउंट से 95 हजार निकाले गये। सैन्यकर्मी ने बताया कि उसकी पत्नी के कार्ड का क्लोन बना कर भी रुपये निकाले गये थे।

अलीगंज विष्णुपुरी कॉलोनी निवासी अजय कुमार मिश्रा को पीएनबी की तरफ से नया एटीएम कार्ड इश्यू हुआ था। जिसका इस्तेमाल करने के लिये वह विकासनगर सेक्टर-छह स्थित एटीएम पर गये थे। मशीन में कार्ड लगाने के बाद उन्होंने पिन डाला। पर, कोई ट्रांजेक्शन नहीं हुआ। इस बीच दो युवक बूथ में दाखिल हुये। उन्होंने अजय को बताया कि आप ठीक से कार्ड नहीं लगा रहे। इतना कहने के बाद युवकों ने मदद की बात कहते हुये अजय के हाथ से कार्ड ले लिया। अजय के मुताबिक युवकों ने भी मशीन में कार्ड लगाया। लेकिन रुपये नहीं निकले। इस पर युवक उन्हें कार्ड वापस करते हुये चले गये। वहीं, घर पहुंचने पर अजय को खाते से दस हजार रुपये निकाले जाने की जानकारी हुई। कार्ड चेक किया तो उनके पास किसी अन्य व्यक्ति का एटीएम कार्ड था। इंस्पेक्टर विकासनगर राजकुमार ने बताया कि एफआईआर दर्ज करने के साथ सीसी फुटेज की मदद से ठगों की तलाश की जा रही है।

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